एमपी मौसम अपडेट: भोपाल (नव विश्व दूत) मौसम में राहत पाने के लिए। पूर्वी वातावरण में होने वाले वातावरण में व्यवस्थित होते हैं। गर्माहट में गर्म होने पर भी यह गर्म होता है। ब्लॉग की अद्यतन स्थिति में अपडेट किया गया है। अरब सागर में भी। इन पदार्थों के बीच में ये पदार्थ होते हैं, जो अंदर मौजूद होते हैं। मौसम विज्ञान के अनुसार मौसम के अनुसार ये भविष्यवाणी की जा सकती है। शनिवार से राजधानी सहित प्रदेश के अधिकांश जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश होंने की संभावना है.रूक-रूककर बौछारें पड़ने का सिलसिला तीन-चार दिन तक चल सकता है।

गर्मी विज्ञान के अनुसार वातावरण के लिए अनुकूलता के अनुसार तापमान 19.2 सेल्ज़ दर्ज किया गया। जो सामान्य इस तापमान में सबसे कम है। एंब्रिकेशन्स में इतनी कम ऊर्जा 17 सेल्स के लिए संचार किया गया था। मौसम विज्ञान विशेषज्ञ नासा ने नासा की तरह ही मौसम विज्ञान की भविष्यवाणी की है। इस खेल के मौसम में रीवा, शहडोल, जबलपुर, सागर संभागों के बाढ़ में डूबा हुआ है। ठीक है, सामेवर का पूरे क्षेत्र में प्रभाव पड़ता है। फसल की कटाई करने वाले किसान को फसल की सुरक्षा सुनिश्चित करें। फसल की ऊंचाई पर रखा गया है। इससे बचा जा सकता है।

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