संदीप के भाई कर्मवीर ने बताया कि 25 अगस्त से 5 सितम्बर तक जापान की राजधानी टोक्यो में होने वाले पैरा ओलम्पिक खेलों में संदीप के चयन से गांव में खुशियों का माहौल है।
संदीप चौधरी ने दुबई में 2019 में हुई विश्व पैरा एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में जेवलीन थ्रो में स्वर्ण पदक जीता था। इससे पूर्व जकार्ता में वर्ष 2018 में हुए पैरा एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीत चुका।

By: Rajesh

Published: 03 Jul 2021, 11:52 AM IST

#sandeep choudhari khetri
खेतड़ी ञ्चपत्रिका. राजस्थान के झुंझुनूं जिले के मेहाड़ा जाटूवास निवासी अर्जुन पुरस्कार विजेता संदीप चौधरी का चयन टोक्यो में होने वाले पैरा ओलम्पिक खेल के लिए हुआ है। नई दिल्ली में आयोजित ट्रायल में संदीप ने अपना रेकार्ड 66.18 मीटर को सुधारते हुए 66.44 मीटर भाला फैंका। वह भारतीय टीम की तरफ से भाला फैंक प्रतियोगिता में हिस्सा लेगा।
संदीप के भाई कर्मवीर ने बताया कि 25 अगस्त से 5 सितम्बर तक जापान की राजधानी टोक्यो में होने वाले पैरा ओलम्पिक खेलों में संदीप के चयन से गांव में खुशियों का माहौल है।

#sandeep choudhari khetri
संदीप चौधरी ने दुबई में 2019 में हुई विश्व पैरा एथलेटिक्स चैम्पियनशिप में जेवलीन थ्रो में स्वर्ण पदक जीता था। इससे पूर्व जकार्ता में वर्ष 2018 में हुए पैरा एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीत चुका। वह एशियन पैरा गेम्स में भी स्वर्ण पदक जीत चुका। संदीप ने वर्ष 2019 में जब विश्व पैरा एथेलेटिक्स चैम्पियनशिप में स्वर्ण पदक जीता था तब कहा था कि उनका अगला लक्ष्य टोक्यो में 2021 में होने वाला पैरा ओलम्पिक में भारत के लिए पदक लाना है।

शेखावाटी के दो बेटे जाएंगे टोक्यो
पिलानी के पास चूरू जिले में स्थित झाझडिय़ों की ढाणी(राजगढ़) निवासी देवेन्द्र झाझडिय़ा का भी भाला फैंक प्रतियोगिता के लिए भारतीय टीम में चयन हो चुका। अब शेखावाटी के दो बेटे संदीप चौधरी व देवेन्द्र झाझडिय़ा ओलम्पिक में भाग लेंगे। इससे पहले देवेन्द्र झाझडिय़ा दो बार पैरा ओलम्पिक में स्वर्ण पदक जीत चुके। अब उनका सपना पैरा ओलम्पिक में स्वर्णिम हैट्रिक बनाना है।

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हर दिन दौड़ें 6 मिनट

झुंझुनूं. ताइक्वांडो की अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी संगीता योगी का कहना है कि आप बालक हैं या युवा। तीस साल के हैं या 40 से ज्यादा। यदि खुद के लिए हर दिन सुबह छह मिनट का समय भी निकाल लें तो हमेशा फिट रह सकते हैं। फिट रहने के लिए सबसे श्रेष्ठ तरीका है दौड़।
शुरुआत आधा मिनट से कर सकते हैं। फिर धीरे-धीरे इसे बढ़ाकर छह मिनट कर सकते हैं। दौड़ के लिए छह मिनट का समय आपको भले ही कम लगे लेकिन यह समय पर्याप्त है। विश्व का सबसे तेज धावक उसैन बोल्ट सौ मीटर दौडऩे के लिए दस सैकेंड से कम समय लगाता है। अगर आप छह मिनट से ज्यादा दौड़ सकते हैं तो और भी अच्छी बात है। लेकिन यदि छह मिनट भी हर दिन दौड़ लगा ली तो आप अनेक बीमारियों से बच सकते हैं। छह मिनट का समय कोई ज्यादा भी नहीं होता। इसलिए आज से ही दौड़ लगाना शुरू करें। फिट रहें। खुश रहें।





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